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सरकारी जमीन पर अतिक्रम हटाने पहुँचा अमला, व्यापारियों से हुआ विवाद
उज्जैन : विकास प्राधिकरण की खाली पड़ी जमीन, जिसकी कीमत करीब ढाई करोड़ रुपए है, यहां कुछ लोगों ने अतिक्रमण कर गुमटियां लगा ली। शुक्रवार को जब इन्हें हटाने की कार्रवाई शुरू हुई तो थोड़ी देर के लिए हंगामे की स्थिति बन गई। अधिकारियों और दुकानदारों में विवाद भी हुआ। हालांकि कुछ ही देर में मामला शांत हो गया।
नानाखेड़ा के समीप है खाली भूखंड
उज्जैन विकास प्राधिकरण के भूखंड क्रमांक 8/9 नानाखेड़ा के समीप है। यहां पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई। करीब 2.50 करोड़ की कीमत के इस प्लाट पर 5-6 गुमटियां लगा ली गई थीं, जिनमें अटाला और भंगार की एक बड़ी दुकान भी थी, टीम ने सभी को हटाया।
व्यापारियों ने किया हंगामा
नानाखेड़ा के जिस स्थान पर लोगों ने अपनी-अपनी गुमटियां तान ली थीं, वह यूडीए का प्लाट था। जिसकी कीमत करीब ढाई करोड़ है। लोगों को पहले नोटिस देकर अपनी गुमटियां हटाने को कहा गया था, लेकिन जब उन्होंने अपनी दुकानें वहां से नहीं हटाईं तो टीम जेसीबी लेकर वहां पहुंची। यह देख व्यापारियों और अधिकारियों में कुछ देर विवाद और हंगामे की स्थिति बन गई।